Showing posts with label मेरे सपने. Show all posts
Showing posts with label मेरे सपने. Show all posts

Saturday, 9 June 2007

काश कि मै...














काश कि मै बादल होता,

वर्षा करता खेतों में...


काश कि मै पेड़ होता,

छायां करता धूप में...


काश कि मै जल होता,

प्यास बुझाता गर्मी में...


काश कि मै हवा होता,

घुल-मिल जाता सांसो में...


काश कि मै फ़ूल होता,

महक जाता जीवन में...

अक्षय चोटिया